![]()
मिर्जापुर में महात्मा गांधी के शहादत दिवस पर सिविल लाइन मार्ग पर “दूध पियो, दारू छोड़ो” संदेश के साथ दूध वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। शांति बालवाड़ी विद्यालय और स्मार्ट किड्स के बच्चों ने इस दौरान हाथों में तख्तियां लेकर लोगों को नशामुक्ति और खुशहाल जीवन के लिए प्रेरित किया। बच्चों ने गांधीवादी संदेशों के साथ नारे लगाए और आमजन से शराब जैसे नशे से दूर रहने की अपील की, ताकि वे अपने परिवार और समाज को सुरक्षित रख सकें। बच्चों की इस पहल और तख्तियों पर लिखे संदेशों ने राहगीरों का ध्यान आकर्षित किया, जिसकी कई लोगों ने सराहना की। देखिए तस्वीरें… आयोजकों के अनुसार, महात्मा गांधी मद्य निषेध के प्रबल समर्थक थे। उनका मानना था कि शराब व्यक्ति के स्वास्थ्य के साथ-साथ परिवार, समाज और देश के लिए भी हानिकारक है। गांधीजी के इस विचार को जन-जन तक पहुंचाने और उनके शहीद दिवस पर इस संदेश को जीवंत रखने के उद्देश्य से यह अभियान चलाया गया। दूध वितरण के माध्यम से यह प्रतीकात्मक संदेश दिया गया कि नशे के बजाय स्वस्थ और सकारात्मक विकल्पों को अपनाया जाए। राहगीरों, वाहन चालकों और दुकानदारों को दूध पिलाकर उन्हें नशामुक्त जीवन जीने की शपथ लेने के लिए प्रेरित किया गया। इस अवसर पर विद्यालय प्रबंधक संतोष श्रीवास्तव, शिक्षक, अभिभावक और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित थे। सभी ने समाज को नशामुक्त बनाने के लिए बच्चों और घर-घर जागरूकता की आवश्यकता पर जोर दिया। कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित लोगों ने महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।
मिर्जापुर में बच्चों ने दिया "दूध पियो, दारू छोड़ो" का:शहीद दिवस पर राहगीरों को दूध बांटकर नशामुक्ति का आह्वान
Leave a comment