![]()
हरियाणा के नूंह जिले में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में एक हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस दौरान सैकड़ों महिलाओं ने पारंपरिक वेशभूषा में कलश यात्रा निकाली। कार्यक्रम स्थल पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। हिंदू पहचान को मजबूत करना उद्देश्य आरएसएस के शताब्दी वर्ष को ‘समाज उत्सव’ के रूप में मनाने के आह्वान के तहत, विजयदशमी से देशभर में एक लाख से अधिक सम्मेलनों की श्रृंखला शुरू की गई है। आयोजकों के अनुसार इन सम्मेलनों का उद्देश्य समाज में एकता, सामाजिक सद्भाव और साझा हिंदू पहचान को मजबूत करना है। रविवार सुबह करीब 10 बजे भूतेश्वर मंदिर से सर्व समाज की कलश यात्रा प्रारंभ हुई। महिलाओं ने यात्रा में गाए गीत यह यात्रा मुख्य मार्गों से होते हुए हिंदू विद्या निकेतन स्थित कार्यक्रम स्थल तक पहुंची। महिलाओं ने सिर पर कलश धारण कर भक्ति गीतों के साथ यात्रा में भाग लिया। आयोजन स्थल पर एक उद्बोधन कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें सामाजिक समरसता और संगठन द्वारा बताए गए पांच परिवर्तनकारी बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई। दोपहर 12 बजे प्रसाद वितरण और सामूहिक भोजन का भी आयोजन हुआ। संवेदनशील स्थानों पर पुलिस रही तैनात कार्यक्रम को सफल बनाने में जिला कार्यवाह रवि, नगर कार्यवाह सुभाष, संजय व्यास, सरदार जीएस मलिक और प्रचारक अमन ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सम्मेलन को लेकर प्रशासन भी सतर्क रहा। कलश यात्रा और मुख्य कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। प्रमुख मार्गों पर पुलिस बल तैनात था और संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी गई। यह आयोजन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
नूंह में महिलाओं ने निकाली कलश यात्रा:RSS के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में हिंदू सम्मेलन; सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
Leave a comment