तेल अवीव/तेहरान/वॉशिंगटन डीसी1 मिनट पहले
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ईरान और ओमान होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों पर फीस वसूली के सिस्टम को लेकर बातचीत कर रहे हैं।
न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक ईरान की नई बनाई गई पर्सियन गल्फ स्ट्रेट अथॉरिटी (PGSA) ने कहा कि उसने होर्मुज स्ट्रेट के ‘मैनेजमेंट सुपरविजन एरिया’ की सीमा तय कर दी है। अथॉरिटी के मुताबिक, यहां से गुजरने के लिए परमिट जरूरी होगा।
फरवरी में अमेरिकी और इजराइली हमलों के बाद ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट में कमर्शियल ट्रैफिक लगभग रोक दिया था। इससे अंतरराष्ट्रीय शिपिंग प्रभावित हुई और ऊर्जा कीमतों में तेजी आई। इसके बाद ईरानी अधिकारियों ने इस जलमार्ग से राजस्व जुटाने के विकल्पों पर चर्चा शुरू की।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग है और यहां किसी तरह का टोल नहीं होना चाहिए। विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भी इसका विरोध किया।
दुनिया के करीब 20% समुद्री तेल और प्राकृतिक गैस की सप्लाई होर्मुज स्ट्रेट से गुजरती है। ऐसे में यहां किसी भी तरह के शुल्क या प्रतिबंध का असर वैश्विक ऊर्जा बाजार और शिपिंग पर पड़ सकता है।

सीधे टोल नहीं वसूलेगा ईरान
रिपोर्ट के मुताबिक ईरान सीधे टोल लगाने के बजाय सर्विस फीस मॉडल पर काम कर रहा है। इसमें जहाजों से ट्रांजिट फीस, पर्यावरण शुल्क और अन्य सेवाओं के नाम पर रकम ली जा सकती है।
दो ईरानी अधिकारियों के मुताबिक ओमान अब इस प्रस्ताव में संभावित आर्थिक फायदे देखते हुए हिस्सेदारी पर चर्चा कर रहा है। ओमान खाड़ी देशों और अमेरिका के साथ इस योजना को आगे बढ़ाने की कोशिश कर सकता है।
पिछले 24 घंटे क 5 बड़े अपडेट्स…
1. ट्रम्प बोले- जंग के अलावा कोई विकल्प नहीं था: ट्रम्प ने कहा कि ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकने के लिए अमेरिका के पास युद्ध के अलावा कोई विकल्प नहीं था। उन्होंने दावा किया कि होर्मुज में खड़े 1600 तेल जहाज जल्द निकलेंगे, जिससे तेल की कीमतें गिरेंगी।
2. ईरान बोला- हमारे पास अभी कई सीक्रेट हथियार बाकी
अमेरिका की धमकियों के बीच ईरान ने दावा किया कि उसके पास कई आधुनिक और अनटेस्टेड हथियार मौजूद हैं। ईरानी सैन्य सूत्रों ने कहा कि अगली बार हमला हुआ तो जवाब बिना किसी संयम के दिया जाएगा।
3. ईरान जंग पर ट्रम्प-नेतन्याहू में मतभेद
रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिका ईरान के साथ तनाव कम करने और सीजफायर बनाए रखने की कोशिश कर रहा है, जबकि इजराइल दोबारा सैन्य कार्रवाई के पक्ष में है। नेतन्याहू सरकार ईरान पर दबाव बनाए रखना चाहती है।
4. जंग के बीच फिर महंगा हुआ तेल: ईरान युद्ध और सप्लाई संकट की आशंका के बीच ब्रेंट क्रूड 105 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया। होर्मुज स्ट्रेट को लेकर तनाव और अमेरिकी तेल भंडार में गिरावट से बाजार में चिंता बढ़ी है।
5. अमेरिका बोला- ईरान ने होर्मुज में टोल वसूला तो डील मुश्किल
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने कहा कि अगर ईरान होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों से टोल वसूलता है, तो अमेरिका-ईरान समझौता मुश्किल हो जाएगा। ट्रम्प ने भी कहा कि होर्मुज एक अंतरराष्ट्रीय समुद्री रास्ता है और यहां टोल मंजूर नहीं होगा।
ईरान जंग से जुड़े अपडेट्स के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…
लाइव अपडेट्स
1 मिनट पहले
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ईरान ने युद्ध में मलबे से 7200 लोगों को जिंदा निकाला
ईरानी रेड क्रिसेंट सोसाइटी (IRCS) ने दावा किया है कि अमेरिका और इजराइल के हवाई हमलों के दौरान मलबे में दबे 7200 से ज्यादा लोगों को जिंदा बचाया गया। संगठन ने पहली बार रेस्क्यू ऑपरेशन के वीडियो भी जारी किए हैं।
IRCS ने सोशल मीडिया पर शेयर किए गए वीडियो में अपने रेस्क्यू वर्कर्स और वॉलंटियर्स को तबाह इमारतों के मलबे से लोगों को निकालते हुए दिखाया है। कई लोग धूल से ढके हुए नजर आते हैं, जिन्हें स्ट्रेचर और हाथों के सहारे बाहर लाया जा रहा है।
वीडियो में कई मल्टीस्टोरी रिहायशी इमारतें पूरी तरह ढही हुई दिखाई देती हैं। बमबारी के बाद कई इलाकों में बड़े स्तर पर राहत और बचाव अभियान चलाना पड़ा। IRCS के मुताबिक यह युद्ध 28 फरवरी से शुरू होकर 8 अप्रैल तक चला। इसी दौरान संगठन ने लगातार रेस्क्यू ऑपरेशन चलाए।
संगठन ने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, “युद्ध के दौरान IRCS के एड वर्कर्स ने मलबे के नीचे से 7200 से ज्यादा लोगों को जिंदा बचाया।” IRCS ने यह भी कहा कि सीजफायर लागू होने से पहले तक प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव अभियान जारी था। संगठन की टीमों ने मेडिल और मानवीय सहायता भी उपलब्ध कराई।
रेड क्रिसेंट सोसाइटी ईरान की प्रमुख मानवीय राहत एजेंसी है। यह युद्ध, प्राकृतिक आपदा और आपात स्थिति में रेस्क्यू और मेडिकल सहायता देने का काम करती है।
19 मिनट पहले
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ट्रम्प ईरान जंग में NATO के रुख से नाराज
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने गुरुवार को कहा कि ईरान युद्ध के दौरान NATO देशों के रवैये से राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प काफी निराश हैं।
रूबियो ने खासतौर पर स्पेन का जिक्र करते हुए कहा कि उसने अमेरिका को अपने सैन्य ठिकानों का इस्तेमाल करने की इजाजत नहीं दी।
उन्होंने कहा कि अमेरिका NATO का हिस्सा इसलिए है ताकि जरूरत पड़ने पर वह यूरोप और मिडिल ईस्ट जैसे इलाकों में अपने सैन्य ठिकानों का इस्तेमाल कर सके।
रूबियो ने सवाल उठाते हुए कहा, अगर कोई देश अमेरिका को अपने बेस इस्तेमाल नहीं करने देता, तो फिर वह NATO में क्यों है? उन्होंने कहा कि ट्रम्प NATO देशों के सहयोग से खुश नहीं हैं और अमेरिका इस मुद्दे को गंभीरता से देख रहा है।
27 मिनट पहले
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ईरान जंग के कारण अमेरिका ने ताइवान को हथियार बिक्री रोकी
अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता में ठोस प्रगति नहीं होने के संकेत मिलने के बाद शुक्रवार को कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आई।
तेल बाजार में निवेशकों को उम्मीद थी कि बातचीत से तनाव कम होगा, लेकिन अहम मुद्दों पर सहमति नहीं बनने से सप्लाई बाधित होने की आशंका बनी हुई है। हालांकि बाजार अब भी साप्ताहिक गिरावट की ओर बढ़ रहा है।
रॉयटर्स के मुताबिक एक वरिष्ठ ईरानी अधिकारी ने कहा कि अमेरिका के साथ अभी कोई समझौता नहीं हुआ है, लेकिन दोनों पक्षों के बीच मतभेद पहले के मुकाबले कुछ कम हुए हैं।
होर्मुज स्ट्रेट को लेकर भी तनाव बना हुआ है। ईरान यहां जहाजों से संभावित फीस या कंट्रोल सिस्टम पर विचार कर रहा है। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा कि इस जलमार्ग पर किसी तरह का टोल सिस्टम स्वीकार नहीं किया जाएगा।
रुबियो ने यह भी कहा कि वार्ता में कुछ अच्छे संकेत मिले हैं, लेकिन अभी कई मुद्दों पर समाधान बाकी है।
दुनिया के करीब 20% समुद्री तेल और गैस सप्लाई स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरती है। ऐसे में इस क्षेत्र में तनाव बढ़ने का सीधा असर वैश्विक तेल कीमतों और ऊर्जा बाजार पर पड़ता है।

55 मिनट पहले
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होर्मुज में जहाजों से फीस वसूलने की तैयारी में ईरान
ईरान और ओमान होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों पर फीस वसूली के सिस्टम को लेकर बातचीत कर रहे हैं।
न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक। ईरान की नई बनाई गई पर्सियन गल्फ स्ट्रेट अथॉरिटी (PGSA) ने कहा कि उसने होर्मुज स्ट्रेट के ‘मैनेजमेंट सुपरविजन एरिया’ की सीमा तय कर दी है। अथॉरिटी के मुताबिक, यहां से गुजरने के लिए परमिट जरूरी होगा।
फरवरी में अमेरिकी और इजराइली हमलों के बाद ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट में कमर्शियल ट्रैफिक लगभग रोक दिया था। इससे अंतरराष्ट्रीय शिपिंग प्रभावित हुई और ऊर्जा कीमतों में तेजी आई। इसके बाद ईरानी अधिकारियों ने इस जलमार्ग से राजस्व जुटाने के विकल्पों पर चर्चा शुरू की।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग है और यहां किसी तरह का टोल नहीं होना चाहिए। विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भी इसका विरोध किया।
दुनिया के करीब 20% समुद्री तेल और प्राकृतिक गैस की सप्लाई होर्मुज स्ट्रेट से गुजरती है। ऐसे में यहां किसी भी तरह के शुल्क या प्रतिबंध का असर वैश्विक ऊर्जा बाजार और शिपिंग पर पड़ सकता है।
रिपोर्ट के मुताबिक ईरान सीधे टोल लगाने के बजाय सर्विस फीस मॉडल पर काम कर रहा है। इसमें जहाजों से ट्रांजिट फीस, पर्यावरण शुल्क और अन्य सेवाओं के नाम पर रकम ली जा सकती है।
दो ईरानी अधिकारियों के मुताबिक ओमान अब इस प्रस्ताव में संभावित आर्थिक फायदे देखते हुए हिस्सेदारी पर चर्चा कर रहा है। ओमान खाड़ी देशों और अमेरिका के साथ इस योजना को आगे बढ़ाने की कोशिश कर सकता है।
02:23 AM22 मई 2026
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ईरान में लगातार 82वें दिन सरकार समर्थक प्रदर्शन
ईरान में सरकार और सेना के समर्थन में लगातार 82वें दिन भी प्रदर्शन हुए। राजधानी तेहरान के आजादी स्क्वायर समेत कई शहरों में लोग बड़ी संख्या में सड़कों पर उतरे।
प्रेस टीवी के मुताबिक, तेहरान के आजादी स्क्वायर पर देर रात तक सरकार समर्थक रैली जारी रही। प्रदर्शनकारी ईरानी झंडे लेकर सेना और सरकार के समर्थन में नारे लगा रहे थे।
ईरानी मीडिया के मुताबिक, इन रैलियों का मकसद बाहरी दबाव और सैन्य धमकियों के खिलाफ राष्ट्रीय एकजुटता दिखाना है।
02:02 AM22 मई 2026
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रूबियो बोले- भारत जितनी चाहे उतनी एनर्जी बेचने को तैयार
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने कहा है कि अमेरिका भारत को जितनी ऊर्जा चाहिए उतनी बेचने को तैयार है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच ऊर्जा सहयोग बढ़ाने पर पहले से बातचीत चल रही है।
मैरीलैंड के जॉइंट बेस एंड्रयूज में पत्रकारों से बातचीत में रूबियो ने कहा कि अमेरिका रिकॉर्ड स्तर पर तेल और गैस का उत्पादन और निर्यात कर रहा है। उन्होंने कहा, “हम चाहते हैं कि भारत हमारे ऊर्जा निर्यात का बड़ा साझेदार बने।”
रूबियो ने कहा कि वेनेजुएला के तेल को लेकर भी अवसर मौजूद हैं। उन्होंने दावा किया कि वेनेजुएला की अंतरिम राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज अगले हफ्ते भारत दौरे पर आ सकती हैं।
रूबियो 23 से 26 मई तक भारत दौरे पर रहेंगे। इस दौरान ऊर्जा सुरक्षा, व्यापार और रक्षा सहयोग जैसे मुद्दों पर चर्चा होने की संभावना है। उन्होंने कहा कि उनका भारत दौरा काफी अहम होगा और इस दौरान क्वाड देशों की बैठक में भी हिस्सा लिया जाएगा।
01:29 AM22 मई 2026
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ईरान ने यूरेनियम संवर्धन की खबरें खारिज कीं
ईरान ने अमेरिका के साथ बातचीत और यूरेनियम संवर्धन को लेकर चल रही मीडिया रिपोर्ट्स को खारिज कर दिया है। ईरान के विदेश मंत्रालय ने कहा कि परमाणु मुद्दों पर सामने आ रही खबरें भरोसेमंद नहीं हैं।
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने गुरुवार को सरकारी एजेंसी IRNA से बातचीत में यह बयान दिया। उन्होंने कहा कि ईरान-अमेरिका बातचीत के अलग-अलग पहलुओं को लेकर मीडिया में चल रही अटकलों की पुष्टि नहीं की जा सकती।
बघाई के मुताबिक, फिलहाल बातचीत का मुख्य फोकस युद्ध को सभी मोर्चों पर खत्म करना है। इसमें लेबनान की स्थिति भी शामिल है। उन्होंने कहा कि बातचीत से जुड़ी सही जानकारी केवल अधिकृत अधिकारी और वार्ता टीम के प्रवक्ता ही देंगे।
01:11 AM22 मई 2026
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इजराइल ने दक्षिणी सीरिया में आर्टिलरी हमला किया
इजराइली सेना ने दक्षिणी सीरिया के डेरा प्रांत में आर्टिलरी हमला किया है। सीरियाई सरकारी एजेंसी SANA के मुताबिक, हमले में यरमूक बेसिन क्षेत्र के कृषि और जंगल वाले इलाकों को निशाना बनाया गया। इसके अलावा इजराइली सेना ने डेरा प्रांत के पश्चिमी इलाके में स्थित मारिया और अबदीन गांवों के बीच के क्षेत्र पर गोलाबारी की।
हमले में कृषि भूमि और जंगल वाले इलाकों को निशाना बनाया गया। रिपोर्ट्स के मुताबिक, गोलाबारी यरमूक बेसिन क्षेत्र के पश्चिमी बाहरी हिस्सों में हुई। हालांकि अब तक किसी के घायल या मारे जाने की जानकारी सामने नहीं आई है।
इजराइल की ओर से भी इस हमले को लेकर तत्काल कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया। हाल के महीनों में इजराइल ने सीरिया और लेबनान में कई सैन्य हमले किए हैं।
