US Ambassador Sergio Gor Meets PM Modi; India-US Ties to Strengthen | अमेरिका के नए राजदूत ने प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात की: पीएम बोले- विश्वास है उनके कार्यकाल में भारत-अमेरिका संबंध और मजबूत होंगे

Actionpunjab
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नई दिल्ली1 मिनट पहले

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गोर ने पीएम मोदी को ट्रम्प के साइन और संदेश वाली एक तस्वीर भी भेंट की। - Dainik Bhaskar

गोर ने पीएम मोदी को ट्रम्प के साइन और संदेश वाली एक तस्वीर भी भेंट की।

अमेरिका के नए नॉमिनेटेड राजदूत सर्जियो गोर ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। पीएम मोदी ने इस मौके पर कहा कि उन्हें विश्वास है कि गोर के कार्यकाल में भारत-अमेरिका के संबंध और मजबूत होंगे।

प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया पर लिखा,

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अमेरिका के राजदूत-निर्धारित श्री सर्जियो गोर का भारत में स्वागत करके खुशी हुई। मुझे भरोसा है कि उनके कार्यकाल में भारत-अमेरिका की साझेदारी और मजबूत होगी।

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गोर ने पीएम मोदी को एक तस्वीर भी भेंट की। इस तस्वीर में मोदी और ट्रम्प प्रेस कॉन्फ्रेंस करते नजर आ रहे हैं। इस पर ट्रम्प का संदेश और हस्ताक्षर थे, जिसमें लिखा था- ‘प्रधानमंत्री मोदी आप महान हैं।’

गोर का अमेरिकी दूतावास ने भी आधिकारिक रूप से स्वागत किया और कहा कि वह भारत-अमेरिका संबंधों को और मजबूत बनाने के लिए काम करेंगे।

गोर ने अमेरिकी दूतावास के बाहर खड़े होकर तस्वीर भी खिचाई। इसे दूतावास ने अपने आधिकारिक X हैंडल पर शेयर किया है।

गोर ने अमेरिकी दूतावास के बाहर खड़े होकर तस्वीर भी खिचाई। इसे दूतावास ने अपने आधिकारिक X हैंडल पर शेयर किया है।

ट्रम्प ने 7 महीने बाद चुना भारत का राजदूत

गोर ने एरिक गार्सेटी की जगह ली है। वे मई 2023 से जनवरी 2025 तक भारत में अमेरिका के राजदूत रहे। ट्रम्प ने भारत में अमेरिकी राजदूत के रूप में सर्जियो गोर को करीब 7 महीने की देरी के बाद नियुक्त किया है। जबकि ट्रम्प ने चीन समेत कई देशों में दिसंबर, 2024 में ही राजदूत नियुक्त कर दिया था।

माना जा रहा है कि गोर भारत में अमेरिका फर्स्ट एजेंडे को आगे बढ़ाने में बड़ी भूमिका निभा सकते हैं। गोर ने राष्ट्रपति चुनाव के दौरान ट्रम्प के लिए फंड जुटाने में भी बड़ी भूमिका निभाई। वे ट्रम्प के खास माने जाते हैं उनकी ‘अमेरिका फर्स्ट’ नीति के कट्टर समर्थक हैं।

गोर व्हाइट हाउस में नियुक्तियों की जांच-परख में भी शामिल रहे हैं। उन्हें ट्रम्प की टीम में पर्दे के पीछे सबसे ताकतवर शख्सियतों में से एक माना जाता है।

गोर को ऐसे समय में भारत में अमेरिका का राजदूत बनाया जा रहा है जब टैरिफ को लेकर अमेरिका से उसका विवाद चल रहा है। कुछ दिन पहले ही अमेरिका के व्यापार वार्ताकारों की 25-29 अगस्त को भारत यात्रा अचानक रद्द कर दी गई थी।

बेटे जूनियर ट्रम्प के दोस्त हैं गोर

गोर, ट्रम्प के बेटे ट्रम्प जूनियर के दोस्त हैं। दोनों ने मिलकर ‘विनिंग टीम पब्लिशिंग’ नाम की कंपनी शुरू की थी, जो ट्रम्प की किताबें प्रकाशित करती है। इस कंपनी की किताबें महंगी मानी जाती है। सबसे सस्ती किताब की कीमत भी करीब 6500 रुपए है।

इसी कंपनी के जरिए ट्रम्प ने अब तक तीन किताबें छपवाई हैं, जिनमें एक किताब में उनकी वह मशहूर तस्वीर है जब पेनसिल्वेनिया में रैली के दौरान उन पर जानलेवा हमला हुआ था और खून से लथपथ हालत में उन्होंने मुट्ठी बांधकर ताकत दिखाने वाला पोज दिया था।

ट्रम्प ने राष्ट्रपति चुनाव जीतने के बाद ग्रीनलैंड पर कब्जा करने वाला बयान दिया था। इसके बाद जनवरी में उनके बेटे जूनियर ट्रम्प (बीच में) ग्रीनलैंड के दौरे पर गए थे। तब ये यात्रा काफी चर्चा में रही थी। इसमें उनके साथ सर्जियो गोर (बाएं) भी थे।

ट्रम्प ने राष्ट्रपति चुनाव जीतने के बाद ग्रीनलैंड पर कब्जा करने वाला बयान दिया था। इसके बाद जनवरी में उनके बेटे जूनियर ट्रम्प (बीच में) ग्रीनलैंड के दौरे पर गए थे। तब ये यात्रा काफी चर्चा में रही थी। इसमें उनके साथ सर्जियो गोर (बाएं) भी थे।

दूसरी बार राष्ट्रपति बनने के बाद ट्रम्प ने गोर को प्रेसिडेंसियल पर्सनल ऑफिस का डायरेक्टर बनाया। यह पद बहुत ताकतवर माना जाता है, क्योंकि इसके जरिए यह तय होता है कि सरकार में कौन-कौन लोग अहम पदों पर आएंगे।

इस बार ट्रम्प ने सबसे ज्यादा ध्यान खुद में निष्ठा रखने वाले शख्स को चुनने पर दिया। दरअसल, पिछले टर्म में ट्रम्प की टीम में कई ऐसे लोग आ गए थे जो उनके हिसाब से वफादार नहीं थे और बाद में यही उनकी सबसे बड़ी गलती मानी गई।

ट्रम्प ने इस बार यह गलती नहीं की। उन्होंने अपनी टीम के लिए जरूरी पदों को चुनने के लिए सर्जियो गोर को चुना जो उनके ‘दाएं हाथ’ कहे जाते हैं।

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