- Hindi News
- National
- JNU Students Detained| 28 Arrested In Delhi Police Clash At Vasant Kunj Over Election Dispute
नई दिल्ली6 घंटे पहले
- कॉपी लिंक

जेएनयू में झड़प के बाद छात्रसंघ अध्यक्ष भी हिरासत में लिए गए।
जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) में शनिवार शाम वसंत कुंज नॉर्थ थाने की ओर मार्च कर रहे लेफ्ट से जुड़े छात्रों को पुलिस ने जेएनयू वेस्ट गेट पर रोक दिया।
इस दौरन धक्का-मुक्की पुलिस से धक्का मुक्की हुई। पुलिस ने 28 छात्रों को हिरासत में ले लिया है। इनमें 19 लड़के और 9 लड़कियां शामिल हैं।
जेएनयू छात्र संघ के अध्यक्ष नितीश कुमार, उपाध्यक्ष मनीषा और महासचिव मुन्तिया फातिमा को भी हिरासत में लिया गया है। इसके बाद छात्रसंघ अध्यक्ष ने वीडियो भी जारी किया।
पुलिस के मुताबिक दशहरे के दिन लेफ्ट और राइट विंग छात्रों के बीच कैंपस में झड़प हुई थी। पुलिस ने छात्र संगठनों के नेताओं से बात की और कानूनी कार्रवाई का वादा किया था, लेकिन छात्रों ने घेराव की योजना नहीं छोड़ी।

पुलिस ने छात्रों को घसीटकर गाड़ियों में भरा।
क्या है पूरा मामला
3 अक्टूबर को जनरल बॉडी मीटिंग में मारपीट के मामले के बाद पुलिस की तरफ से एक्शन ना लिए जाने से लेफ्ट गुट के छात्र नाराज थे।
इसी को लेकर छात्र प्रदर्शन करने निकले थे। पुलिस को जैसे ही इसकी सूचना मिली तो उन्होंने इन छात्रों को रोकने की कोशिश की, लेकिन छात्र नहीं मानें।
छात्रसंघ अध्यक्ष ने कहा- पुलिस हमें मार रही है, एफआईआर दर्ज नहीं कर रही
छात्रसंघ अध्यक्ष ने हिरासत में लिए जाने के बाज वीडियो जारी किया। इसमें उन्होंने कहा कि मीटिंग के दिन मुझे, वाइस प्रेसिडेंड और अन्य कार्यकर्ताओं ने एबीवीपी के लोगों ने कई घंटों तक बंधक बनाया।
हमने पुलिस से शिकायत की। पुलिस आई लेकिन दिल्ली पुलिस के सामने एबीवीपी ने हमें मारा।
आज जब हम अपना विरोध जता रहे थे दिल्ली पुलिस ने भी हमें मारा, कपड़े फाड़े। हमें इन्होंने डिटेन कर लिया है लेकिन अभी तक एबीवीपी पर एफआईआर दर्ज नहीं हुई है।
लेफ्ट का आरोप- पुलिस ABVP को बचाती है
लेफ्ट संगठनों का आरोप है कि पुलिस अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के छात्रों को बचाती है और उन पर कार्रवाई नहीं करती।
संगठन का कहना है कि कार्रवाई का वादा किया गया था लेकिन अभी तक कुछ भी नहीं हुआ।
बिना इजाजत के प्रदर्शन किया
पुलिस के मुताबिक शाम करीब 6 बजे 70-80 छात्र बिना इजाजत वेस्ट गेट पर इकट्ठे हुए और धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया।
पुलिस ने पहले से बैरिकेड लगा रखे थे जिससे प्रदर्शनकारी छात्र नेल्सन मंडेला मार्ग पर न बढ़ें।
लेकिन छात्रों ने उन्हें तोड़ने की कोशिश की। इस झड़प में 6 पुलिसकर्मी घायल हुए, जिनमें 4 पुरुष और 2 महिला हैं। , उन्हें प्राथमिक उपचार के लिए भेजा गया।
पुलिस ने कहा- छात्रों ने हाथापाई की
छात्रों ने कहा कि दशहरे के दिन लड़ाई में पुलिस ने सिर्फ एक तरफ का पक्ष लिया, जबकि एबीवीपी के छात्रों ने हिंसा की थी। पुलिस ने बताया कि हाथापाई के समय कुछ छात्रों ने गाली-गलौज भी की।
हिरासत में लिए गए छात्रों को नियंत्रित करने के लिए कार्रवाई की गई ताकि कोई बड़ा हादसा न हो।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने छात्रों से शांत रहने और नियम मानने की अपील की है।
————-
छात्रों के प्रदर्शन से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें…
इलाहाबाद विश्वविद्यालय में छात्रों ने किया प्रदर्शन:फीस वृद्धि, हॉस्टलों में अव्यवस्थाओं के खिलाफ नारेबाजी, बंद कर दिया मुख्य गेट, चीफ प्रॉक्टर आफिस का घेराव

इलाहाबाद विश्वविद्यालय में 15 अक्टूबर को बड़ी संख्या में छात्रों ने प्रदर्शन किया। दिशा छात्र संगठन के सदस्यों से व विश्वविद्यालय के सुरक्षाकर्मियों से तीखी नोकझोक हुई। दरअसल दिशा छात्र संगठन से जुड़े कुछ छात्र एफसीआई बिल्डिंग में बैठकर अध्ययन कर रहे थे तभी विश्वविद्यालय के सुरक्षाकर्मी आए और छात्रों से बद्तमीजी कर भगाने लगे। जब दिशा के कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध किया तो सुरक्षाकर्मी मारने की धमकी देने लगे। जिसके बाद दिशा के कार्यकर्ताओं और सुरक्षाकर्मियों के बीच बहस होने लगी। पूरी खबर पढ़ें…