लूट के मामले में पकड़े गए तीनों लुटेरे
कैथल में युवकों की गाड़ी का रास्ता रोक कर एक लाख रुपए लूटने के मामले में स्पेशल डिटेक्टिव यूनिट द्वारा 3 आरोपियों को काबू किया गया है। तीनों ने साजिश के तहत युवकों को कैथल बुलाकर लूट की थी। पकड़े गए आरोपियों की पहचान जिला फतेहाबाद के गांव गोरखपुर निवा
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चार लाख रुपए में बात तय हुई
चिकनवास हिसार निवासी राहुल की शिकायत अनुसार हरियाणा में आंगनबाड़ी वर्कर के लिए नौकरी निकली हुई थी। उसके साथ पढ़ने वाले बरवाला निवासी सतीश ने कहा कि वह उसे नौकरी लगवा देगा। उनकी चार लाख रुपए में बात तय हो गई थी। सतीश के दिए गए खातों में उसने दो लाख रुपए भेज दिए थे। 15 अक्टूबर 2025 को सतीश ने कहा कि 16 अक्टूबर को तुम्हारा साक्षात्कार है और पंचकूला जाना है। वह सतीश के साथ पंचकूला के लिए चल पड़ा था।

पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर लिए गए आरोपी
152 चंदाना कट के पास रोका
सतीश का जानकार मोनू भी साथ में था। सतीश ने उसकी पहचान हसनगढ़ हिसार निवासी राजीव से करवाई थी। गाड़ी में वह, मोनू, सतीश, राजीव और गाड़ी का चालक सवार थे। उनके पास एक लाख सात हजार रुपए थे। वे जैसे ही एनएच 152 चंदाना कट के पास पहुंचे तो उनकी गाड़ी के आगे एक दूसरी गाड़ी आकर रुकी। उस गाड़ी में से चार युवक नीचे आए और स्वयं को हरियाणा पुलिस का कर्मचारी बताया। एक युवक तो स्वयं को सीबीआई का कर्मचारी बता रहा था। एक युवक ने हरियाणा पुलिस का आईडी कार्ड दिखाया था। उनके साथ मारपीट की गई और एक लाख सात हजार रुपए लूट लिए गए थे।
शिकायतकर्ता ने जताया शक
उन्हें शक है कि सतीश और राजीव ने मिलीभगत के करके उनके साथ लूट की है। मामले में आरोपी जिला फतेहाबाद के गावं गोरखपुर निवासी रवि व संदीप तथा अभिषेक को गिरफ्तार कर लिया गया। उक्त मामले में पहले ही आरोपी जिला हिसार के गांव सिंगरां निवासी कुलदीप, भैणी उकलाना निवासी मुकेश, हसनगढ़ निवासी राजीव व बरवाला निवासी सतीश को गिरफ्तार किया जा चुका है। आरोपी राजीव व सतीश द्वारा सभी बातों का पता होते हुए यह लूट का षड्यंत्र रचा गया। सभी आरोपियों का व्यापक पूछताछ के लिए 3 दिन पुलिस रिमांड हासिल किया गया है।