Parliament’s winter session begins tomorrow, all-party meeting today | संसद का शीतकालीन सत्र कल से, आज सर्वदलीय बैठक: सरकार विपक्ष से सहयोग मांगेगी, सदन में SIR को लेकर हंगामा संभव

Actionpunjab
8 Min Read


नई दिल्ली19 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

1 दिसंबर से शुरू हो रहे संसद के शीतकालीन सत्र से पहले आज सरकार ने ऑल पार्टी मीटिंग बुलाई है। मीटिंग के दौरान पार्लियामेंट्री अफेयर्स मिनिस्टर किरेन रिजिजू संसद में दोनों सदनों की पॉलिटिकल पार्टियों के फ्लोर लीडर्स से बातचीत करेंगे।

सरकार सेशन के दौरान लोकसभा और राज्यसभा का कामकाज ठीक से चले, इसके लिए सभी पॉलिटिकल पार्टियों से सहयोग मांगेगी। सोशल मीडिया पोस्ट में किरेन रिजिजू ने विपक्षी पार्टियों से अपील की कि वे दोनों सदनों की कार्यवाही में पूरी तरह से हिस्सा लें और योगदान दें।

संसद का शीतकालीन सत्र 1 दिसंबर से 19 दिसंबर तक चलेगा। 19 दिन में पूरे सत्र के दौरान 15 बैठकें होंगी। एटॉमिक एनर्जी बिल समेत 10 नए बिल पेश हो सकते हैं। उधर विपक्ष SIR मुद्दे पर सरकार को घेरने की कोशिश करेगी।

संसद के शीतकालीन सत्र में एटॉमिक एनर्जी बिल समेत 10 नए बिल पेश हो सकते हैं। लोकसभा बुलेटिन में शनिवार को यह जानकारी दी गई। एटॉमिक एनर्जी बिल में प्राइवेट कंपनियों को भी न्यूक्लियर पॉवर प्लांट लगाने की अनुमति मिल सकेगी।

अहम बिल जो पेश होंगे, उनसे क्या बदलाव

  1. न्यूक्लियर सेक्टर के लिए बड़ा बदलाव: लोकसभा बुलेटिन के अनुसार एटॉमिक एनर्जी बिल भारत में परमाणु ऊर्जा के इस्तेमाल, कंट्रोल एंड रेगुलेशन से जुड़े प्रावधानों को नया फ्रेमवर्क देगा। यह पहली बार होगा जब प्राइवेट कंपनियों को न्यूक्लियर क्षेत्र में एंट्री मिल सकेगी। अब प्राइवेट कंपनियां भी न्यूक्लियर पॉवर प्लांट लगा सकेंगी।
  2. हॉयर एजुकेशन कमीशन बनाने वाला बिल भी तैयार: सरकार हायर एजुकेशन कमीशन ऑफ इंडिया बिल भी पेश करेगी। इसका उद्देश्य कॉलेज और यूनिवर्सिटी को अधिक फ्रीडम देना और सिस्टम को पारदर्शी बनाना है। (UGC, AICTE, NCTE) को खत्म कर उन्हें एक ही कमीशन में जोड़ दिया जाएगा।
  3. हाईवे भूमि अधिग्रहण तेज होगा: नेशनल हाईवे (संशोधन) बिल भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया को तेज और अधिक पारदर्शी बनाएगा, ताकि नेशनल हाईवे प्रोजक्ट्स में देरी कम हो सके।
  4. कंपनी कानून और LLP कानून में बदलाव: सरकार कॉरपोरेट लॉ (संशोधन) बिल, 2025 लाने की तैयारी कर रही है। जो कंपनी अधिनियम 2013 और LLP अधिनियम 2008 में बदलाव कर ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ को और सरल करेगा।
  5. सभी बाजार कानून एक बिल में: सिक्योरिटीज मार्केट्स कोड बिल, 2025 का उद्देश्य सेबी एक्ट, डिपॉजिटरीज एक्ट और सिक्योरिटीज कॉन्ट्रैक्ट्स एक्ट को मिलाकर एक सरल कानून तैयार करना है।
  6. संविधान में संसोधन से जुड़ा बिल: संविधान में 131वां संशोधन करने का प्रस्ताव रखा जाएगा। इस बिल के तहत खासकर चंडीगढ़ यूनियन टेरेटरी को संविधान के आर्टिकल 240 के दायरे में लाया जाएगा। आर्टिकल 240 के तहत केंद्र सरकार केंद्रशासित प्रदेशों के लिए रेगुलेशन बना सकती है, जिन्हें कानून का दर्जा प्राप्त होता है।
  7. कंपनियों के खिलाफ विवाद का जल्द निपटारा: कंपनियों और व्यक्तियों के बीच झगड़े अक्सर सालों कोर्ट में लटकते रहते हैं। ऑर्बिट्रेशन एंड कॉन्सीलिएशन (अमेंडमेंट) बिल, 2025 का उद्देश्य है कि मध्यस्थता फैसलों को चुनौती देने की प्रक्रिया सरल हो और झगड़ों का समाधान तेजी से हो सके।

2025 में 19 दिन के शीतकालीन सत्र के दौरान 15 बैठकें होंगी

2024 में शीतकालीन सत्र 25 नवंबर से शुरू हुआ था और 20 दिसंबर को समाप्त हुआ था। पूरे सत्र में कुल 20 बैठकें हुईं थीं।

2024 में शीतकालीन सत्र 25 नवंबर से शुरू हुआ था और 20 दिसंबर को समाप्त हुआ था। पूरे सत्र में कुल 20 बैठकें हुईं थीं।

इस बार संसद का शीतकालीन सत्र (विंटर सेशन) 1 दिसंबर से 19 दिसंबर तक चलेगा। 19 दिन में पूरे सत्र के दौरान 15 बैठकें होंगी। इससे पहले 21 जुलाई से 21 अगस्त तक संसद का मानसून सत्र चला था। सत्र के पहले दिन राज्यसभा के तत्कालीन उपसभापति जगदीप धनखड़ ने इस्तीफा दे दिया। फिर पूरा सत्र बिहार में स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) को लेकर विपक्ष के हंगामे की भेंट चढ़ गया था। मानसून सत्र में कुल 21 बैठकें हुईं।

लोकसभा में 120 घंटे चर्चा का समय निर्धारित था, लेकिन सिर्फ 37 घंटे कार्यवाही चली। राज्यसभा में सिर्फ 41 घंटे चर्चा हुई। लोकसभा-राज्यसभा में कुल 27 बिल पास हुए। गिरफ्तार PM-CM को हटाने वाला संविधान संशोधन बिल सबसे ज्यादा चर्चा में रहा। इसे जेपीसी के पास भेजने का प्रस्ताव पारित हुआ।

मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ महाभियोग ला सकता है विपक्ष

मानसून सत्र के बीच 17 अगस्त को कांग्रेस, TMC, सपा, DMK, राजद समेत 8 विपक्षी दलों ने जॉइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी।

मानसून सत्र के बीच 17 अगस्त को कांग्रेस, TMC, सपा, DMK, राजद समेत 8 विपक्षी दलों ने जॉइंट प्रेस कॉन्फ्रेंस की थी।

संसद के शीतकालीन सत्र में I.N.D.I.A. ब्लॉक मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग ला सकता है। 18 अगस्त को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के आवास पर I.N.D.I.A. ब्लॉक की बैठक हुई थी।

बैठक के बाद कांग्रेस, TMC, सपा, DMK, राजद समेत 8 विपक्षी दलों ने संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इसमें TMC महासचिव अभिषेक बनर्जी ने कहा- संसद के मौजूदा सत्र (मानसून सत्र) में 3 दिन बाकी हैं। महाभियोग लाने के लिए 14 दिन पहले नोटिस देना जरूरी है। CEC के रवैये को देखते हुए हम अगले सत्र (शीतकालीन सत्र) में नोटिस देंगे।

दरअसल, कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने 7 अगस्त को चुनाव आयोग पर वोट चोरी के आरोप लगाए थे। 17 अगस्त को CEC ज्ञानेश कुमार ने कहा था- राहुल वोट चोरी के आरोपों पर हलफनामा दें या देश से माफी मांगे।

मानसून सत्र की महत्वपूर्ण घटनाएं…

21 जुलाई: राज्यसभा में जगदीप धनखड़ का उपराष्ट्रपति के पद से इस्तीफा

जगदीप धनखड़ ने 21 जुलाई की रात अचानक देश के 14वें उपराष्ट्रपति के पद से इस्तीफा दे दिया था। 74 साल के धनखड़ का कार्यकाल 10 अगस्त 2027 तक था। बीच सत्र में इस्तीफा देने वाले धनखड़ पहले उपराष्ट्रपति हैं। पूरी खबर पढ़ें…

22 जुलाई: विपक्ष का पहले से आखिरी दिन तक बिहार SIR पर हंगामा

मानसून सत्र के दूसरे दिन 22 जुलाई को लोकसभा और राज्यसभा विपक्ष ने बिहार SIR को लेकर हंगामा किया। सांसदों ने सदन के अंदर और बाहर विरोध किया। ये विरोध प्रदर्शन पूरे सत्र के दौरान जारी रहा जिससे दोनों सदन में पूरे दिन की कार्यवाही नहीं हो सकी। पूरी खबर पढे़ं…

29 जुलाई: ऑपरेशन सिंदूर 16 घंटे चर्चा, PM मोदी और राहुल गांधी के बीच तीखी बहस

लोकसभा में 29 जुलाई को ऑपरेशन सिंदूर पर 16 घंटे लंबी बहस हुई। पीएम मोदी और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी इसमें हिस्सा लिया।

राहुल गांधी ने 36 मिनट की स्पीच कहा, ‘अगर दम है तो प्रधानमंत्री यहां सदन में यह बोल दें कि वह झूठ बोल रहे हैं। ऑपरेशन सिंदूर पर लोकसभा में 16 घंटे से ज्यादा बहस चली।’

पीएम मोदी ने एक घंटा 40 मिनट की स्पीच में ट्रम्प का नाम लिए बिना कहा, ‘ऑपरेशन सिंदूर के दौरान दुनिया में किसी भी देश ने भारत को अपनी सुरक्षा में कार्रवाई करने से रोका नहीं है।’ पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *