गुरुग्राम में काले रंग की गाड़ियों पर सबसे ज्यादा नजर रखी जा रही हैं।
गुरुग्राम ट्रैफिक पुलिस ने एक सप्ताह में 13,507 चालान कर वाहन चालकों पर 1 करोड़ 22 लाख 68 हजार 900 ठोंक दिया। डीजीपी ओपी सिंह द्वारा सीसीटीवी इंस्टॉल वाले स्पॉट से ट्रैफिक टीमें हटाने के बाद भी चालान में कमी नहीं आई है। ट्रैफिक पुलिस अब मैन्युअल चाला
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डीसीपी ट्रैफिक डॉ. राजेश मोहन के नेतृत्व में चल रहे #ChallanNahiSalamMilega अभियान के बावजूद भी लोग नियम तोड़ने से बाज नहीं आ रहे हैं। लगातार पांचवें महीने ट्रैफिक पुलिस ने एक सप्ताह में एक करोड़ से ज्यादा का जुर्माना किया है। डीजीपी के आदेश पर पुलिस काले रंग की कारों खासकर थार और स्कॉर्पियो पर ज्यादा निगरानी रखे हुए हैं।

गुरुग्राम में ब्लैक फिल्म लगी कार का चालान काटता ट्रैफिक पुलिसकर्मी।
एनएच 48 और द्वारका एक्सप्रेसवे हॉट स्पॉट
ट्रैफिक पुलिस का अब सबसे ज्यादा ध्यान NH-48 और द्वारका एक्सप्रेसवे पर है। इन दोनों प्रमुख हाईवे पर लेन डिसिप्लिन और ओवर स्पीडिंग करने वालों के खिलाफ ड्रोन और NHAI के हाई-रिज़ॉल्यूशन कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है। यहां केवल लेन चेंज उल्लंघन में ही 1,537 चालान काटे गए, जबकि ओवर स्पीडिंग के 2,174 चालान कैमरों से हुए।
दुर्घटना की वजह ओवर स्पीड और ड्रंकन ड्राइविंग
ट्रैफिक पुलिस प्रवक्ता विकास कुमार ने बताया कि गुरुग्राम में अधिकांश गंभीर दुर्घटनाओं की जड़ ड्रंकन ड्राइविंग और ओवर स्पीड है। खासकर द्वारका एक्सप्रेसवे और NH-48 पर तेज रफ्तार और अचानक लेन बदलना पिछले कुछ महीनों में कई जानलेवा हादसों का कारण बना है। इसलिए इन दोनों मार्गों पर अब ड्रोन निगरानी को और सघन कर दिया गया है।
जागरूकता के साथ सख्ती
ट्रैफिक पुलिस ने सख्ती के साथ-साथ जागरूकता पर भी जोर दिया है। चालान नहीं सलाम मिलेगा अभियान के तहत सुरक्षा रथ ने इस सप्ताह शहर के 18 अलग-अलग स्थानों पर कैंप लगाए, जहां 575 से अधिक नागरिकों और स्कूली बच्चों को यातायात नियमों की बारीकियां समझाई गईं। बच्चों को हेलमेट पहनने, लेन में रहने और मोबाइल इस्तेमाल न करने की शपथ भी दिलाई गई।
लोगों से ट्रैफिक नियमों का पालन करने की अपील
डीसीपी ट्रैफिक डॉ. राजेश मोहन ने कहा कि हमारा मकसद केवल जुर्माना वसूलना नहीं है। हम चाहते हैं कि लोग नियम खुद से मानें। इसलिए हमने ट्रैफिक मित्र योजना शुरू की है। इस योजना के तहत अब तक 70 से अधिक नागरिकों ने आवेदन किया है।
ट्रैफिक मित्र बनने के लिए व्यक्ति गुरुग्राम का स्थायी निवासी या यहां कार्यरत होना चाहिए। साथ ही शिक्षित हो और निस्वार्थ भाव से समाजसेवा करने को तैयार हो। आवेदन फॉर्म डीसीपी ट्रैफिक कार्यालय, सिविल लाइंस से मुफ्त लिया जा सकता है।
ईयर एंडर और नए साल पर सख्ती
-राजीव चौक, इफ्को चौक, हीरो होंडा चौक और बॉर्डर पर अतिरिक्त इंटरसेप्टर टीमें
-क्रिसमस और नए साल के मद्देनजर ड्रंकन ड्राइविंग के खिलाफ विशेष नाके
-सभी स्कूलों में दिसंबर के पहले सप्ताह में रोड सेफ्टी वीक मनाया जाएगा।