निमार्ण में लगी घटिया सामग्री को दिखाता ग्रामीण।
हरियाणा में करनाल के बरसत गांव के विकास की नींव में भ्रष्टाचार की जड़े गहराती जा रही है। घरौंडा के बरसत गांव में 40 लाख की लागत से बनाई जा रही गलियों-नालियों के निर्माण में घटिया सामग्री के आरोप लगे है। जिससे ग्रामीणों में लगातार रोष बढ़ता जा रहा है।
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न तो इस ओर प्रशासन का ध्यान है और न ही शासन का। वैसे तो यह गांव नेताओं द्वारा भी गोद लिया जा चुका था, लेकिन गोद लिए जाने के बावजूद भी इसके हालात नहीं सुधरे, दूसरा गलियों के निर्माण में भी भ्रष्टाचार फैला हुआ है। घटिया किस्म की सामग्री इस्तेमाल करने वाले ठेकेदार और अधिकारियों के खिलाफ एक्शन होना चाहिए।

घटिया सामग्री में लगाई गई नाले की ईंटे।
नालियों के निर्माण में हो रहा है घटिया सामग्री का इस्तेमाल
गांव बरसत निवासी शैंकी मलिक, जयबीर, नीटू, जयपाल, वेदपाल, जसविंद्र, विकास, जितेंद्र व अन्य का आरोप है कि गांव बरसत में गलियों के निर्माण का काम चल रहा है। इन गलियों में इंटरलॉक ईंटें बिछाई जाएगी, उससे पहले यहां पर नालियों को पक्का किया जा रहा है, लेकिन इन नालियों की नींव ही कमजोर है। ईंटे निम्न दर्जे की है, जबकि अच्छी क्वलिटी की अब्बल ईंटे लगनी चाहिए थी, लेकिन यहां पर दोयम दर्जे की ईंटे लगाई जा रही है। दूसरा ईंटों को लगाने के लिए जिस सामग्री का इस्तेमाल किया जा रहा है, वह भी सही नहीं है।
उसमें सीमेंट से कम तो रेत है। ग्रामीणों का आरोप है कि जिस ठेकेदार ने यह ठेका लिया हुआ है, वह बहुत ही घटिया किस्म की सामग्री का इस्तेमाल कर रहा है। पंचायत का इस ओर कोई ध्यान ही नहीं है। रजनिश नाम के ठेकेदार को यह ठेका दिया गया है।

निमार्ण में लगी घटिया सामग्री।
पारदर्शिता के सिर्फ दावे, जमीनी हकीकत कुछ ओर
ग्रामीणों ने कहा कि सरकार एक तरफ तो पारदर्शिता और विकास के बड़े बड़े दावे करती है लेकिन धरातल पर नजारा कुछ ओर ही होता है। रोक टोक करने वाला कोई नहीं होता, अगर कोई ग्रामीण आवाज उठाता है तो उसे बोल दिया जाता है कि यह तो राजनीति कर रहा है। प्रशासन से अपील है कि गांव में हो रहे विकास कार्य की जांच करवाई जाए, ठेकेदार सही तरीके से काम नहीं कर रहा है तो उसके खिलाफ एक्शन लिया जाए और उसका ठेका रद्द किया जाए।

नाले में लगी घटिया सामग्री।
क्या कहती है ग्राम पंचायत
जब इस संबंध में गांव के सरपंच नवीन राणा से बात की गई तो उन्होंने बताया कि गांव में गलियों और नालियों का निर्माण करवाया जा रहा है। जिस पर करीब 40 लाख रुपए खर्च होने है। सामग्री को लेकर कुछ ग्रामीणों की तरफ से बातें सामने आई है। जिसके संदर्भ में ठेकेदार को निर्देश जारी कर दिए गए है कि वह अच्छी क्वलिटी की सामग्री का ही इस्तेमाल करें और ठेकेदार ने सामग्री चेंज भी कर दी है।