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झांसी जीआरपी ने वक्फ बोर्ड का फर्जी एग्जीक्यूटिव ऑफिसर बनकर लोगों से ठगी करने वाले आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से जीआरपी ने एक लैपटॉप, मोबाइल फोन और वक्फ बोर्ड से जुड़े कई फर्जी दस्तावेज बरामद किए हैं।
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शुरुआती पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया है कि वह लोगों को वक्फ बोर्ड की संपत्तियों का 99 साल का पट्टा दिलाने का लालच देकर उनसे पैसे वसूलता था।
जीआरपी को सूचना मिली थी कि प्रयागराज के करेली जीटीबी नगर निवासी जलासज मोहम्मद शरीफ वारसी पुत्र मोहम्मद इशहाक वारसी, जो वर्तमान में महाराष्ट्र के पुणे में रह रहा है, झांसी रेलवे स्टेडियम के पीछे जलासजी इलाके में लोगों से ठगी करने पहुंचा है। सूचना के आधार पर जीआरपी टीम ने मौके पर पहुंचकर आरोपी को पकड़ लिया।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने खुद को उत्तर प्रदेश वक्फ बोर्ड का एग्जीक्यूटिव ऑफिसर बताया, लेकिन सख्ती से पूछताछ करने पर वह टूट गया और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। आरोपी ने बताया कि वह लोगों को वक्फ बोर्ड की जमीन 99 साल के पट्टे पर दिलाने का झांसा देकर उनसे मोटी रकम वसूलता था।
इंटरनेट से बनाता था फर्जी दस्तावेज
पकड़े गए फर्जी एग्जीक्यूटिव ऑफिसर मोहम्मद शरीफ वारसी ने बताया कि वह इंटरनेट के जरिए वक्फ बोर्ड से संबंधित फर्जी दस्तावेज तैयार करता था। इसके बाद खाली पड़ी वक्फ की जमीनों को चिन्हित कर उन्हें पट्टे पर दिलाने के नाम पर लोगों से पैसे लेता और फरार हो जाता था।
जीआरपी ने आरोपी के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। एसपी जीआरपी विपुल कुमार श्रीवास्तव के अनुसार आरोपी के खिलाफ दिल्ली के तालकटोरा थाने में भी पहले से एक मुकदमा दर्ज है। फिलहाल जीआरपी आरोपी से पूछताछ कर रही है और उसके नेटवर्क व अन्य संभावित ठगी के मामलों की जांच की जा रही है।