Trumps Idea for White House Fight

Actionpunjab
8 Min Read


वॉशिंगटन डीसी17 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प 14 जून को 80 साल के हो जाएंगे। इस मौके पर व्हाइट हाउस में अल्टीमेट फाइटिंग चैंपियनशिप (UFC) के मुकाबले करााए जाएंगे। UFC दुनिया की सबसे बड़ी मिक्स्ड मार्शल आर्ट्स (MMA) संस्था है। इसमें अलग-अलग फाइटिंग खेलों के खिलाड़ी एक-दूसरे के खिलाफ मुकाबला करते हैं।

UFC चीफ डाना व्हाइट ने बताया कि व्हाइट हाउस में फाइट कराने का विचार खुद ट्रम्प ने दिया था। उनके मुताबिक इसके लिए व्हाइट हाउस के साउथ लॉन में खास फाइटिंग एरिया बनाया जा रहा है। व्हाइट ने बताया कि ट्रम्प चाहते थे कि यह मुकाबला अमेरिका के 250वें स्थापना वर्ष के जश्न का हिस्सा बने।

अल जजीरा के मुताबिक, इस अस्थायी स्टेडियम में 4 हजार से ज्यादा लोग बैठ सकेंगे। इसके अलावा व्हाइट हाउस के पास एलिप्स फील्ड में फाइट्स दिखाने के लिए बड़ी स्क्रीनें लगाई जाएंगी। यहां 75 हजार से लेकर 1 लाख लोग मुफ्त में मुकाबला देख सकेंगे।

UFC ने फाइटिंग एरिया की तस्वीरें जारी की…

UFC ने ऑक्टागन पिंजरे का नया डिजाइन जारी किया है। इसे व्हाइट हाउस के साउथ लॉन में बनाया जा रहा है।

UFC ने ऑक्टागन पिंजरे का नया डिजाइन जारी किया है। इसे व्हाइट हाउस के साउथ लॉन में बनाया जा रहा है।

तस्वीर में फाइटिंग केज के ऊपर अमेरिकी झंडे की थीम वाला बड़ा आर्च दिखाई दे रहा है।

तस्वीर में फाइटिंग केज के ऊपर अमेरिकी झंडे की थीम वाला बड़ा आर्च दिखाई दे रहा है।

ट्रम्प के जन्मदिन पर आयोजित हो रहे इस शानदार मुकाबला के लिए लाइटिंग का भी पूरा ध्यान रखा जा रहा है। इस फायटिंग एरिया को बनाने का काम बेहद तेजी से चल रहा है।

ट्रम्प के जन्मदिन पर आयोजित हो रहे इस शानदार मुकाबला के लिए लाइटिंग का भी पूरा ध्यान रखा जा रहा है। इस फायटिंग एरिया को बनाने का काम बेहद तेजी से चल रहा है।

UFC चीफ डाना ने बताया कि यह आयोजन अमेरिका की स्थापना के 250 साल पूरे होने के कार्यक्रमों का हिस्सा है।

UFC चीफ डाना ने बताया कि यह आयोजन अमेरिका की स्थापना के 250 साल पूरे होने के कार्यक्रमों का हिस्सा है।

ट्रम्प 1000 टिकट बांटेंगे

डाना व्हाइट ने कहा कि उनके पास बांटने के लिए 200 टिकट होंगे, जबकि ट्रम्प 1000 टिकट देंगे। UFC की मालिक कंपनी TKO ग्रुप के चीफ एरी इमैनुएल के पास भी 200 टिकट होंगे। बाकी टिकट अमेरिकी सैनिकों को दिए जाएंगे।

ट्रम्प ने हाल ही में कहा था कि UFC मुकाबले के टिकटों की बहुत ज्यादा मांग है। उन्होंने कहा, मैंने कभी लोगों को किसी चीज के लिए इतना उत्साहित नहीं देखा। यह एक अलग और खास UFC इवेंट होगा। अधिकारियों ने बताया कि मुकाबले से पहले खिलाड़ियों का वजन मापने की प्रोसेस लिंकन मेमोरियल में होगी।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, व्हाइट हाउस में इस इवेंट की तैयारियां शुरू हो चुकी हैं। इसके अलावा, ट्रम्प अगस्त में वॉशिंगटन की सड़कों पर इंडीकार कार रेस कराने की भी तैयारी कर रहे हैं। यह रेस वॉशिंगटन मॉन्यूमेंट और अमेरिकी संसद भवन जैसी मशहूर जगहों के पास से गुजरेगी।

ट्रम्प 11 अप्रैल को UFC का मुकाबला देखने पहुंचे थे।

ट्रम्प 11 अप्रैल को UFC का मुकाबला देखने पहुंचे थे।

ट्रम्प और UFC चीफ की दोस्ती काफी पुरानी

ट्रम्प और डाना व्हाइट की दोस्ती काफी पुरानी है। राजनीति में आने से पहले ट्रम्प ने UFC को अपने होटल और प्रॉपर्टी में फाइटिंग इवेंट आयोजित कराने की इजाजत दी थी। उस समय कई लोग इस खेल की आलोचना करते थे।

इसके बदले डाना व्हाइट कई बार ट्रम्प के समर्थन में खुलकर बोल चुके हैं। रिपब्लिकन नेशनल कन्वेंशन में भी उन्होंने ट्रम्प के पक्ष में भाषण दिया था।

अमेरिका के मियामी में एक UFC मुकाबले के बाद राष्ट्रपति ट्रम्प और UFC चीफ डाना व्हाइट।

अमेरिका के मियामी में एक UFC मुकाबले के बाद राष्ट्रपति ट्रम्प और UFC चीफ डाना व्हाइट।

अब UFC को जानिए…

अल्टीमेट फाइटिंग चैम्पियनशिप (UFC) दुनिया की सबसे बड़ी मिक्स्ड मार्शल आर्ट्स (MMA) संस्था है। इसकी शुरुआत 1993 में अमेरिका में हुई थी।

उस समय अलग-अलग मार्शल आर्ट्स के लोग दावा करते थे कि उनकी तकनीक सबसे खतरनाक है। कोई बॉक्सिंग को सबसे बेहतर मानता था, कोई कराटे को, तो कोई कुश्ती या जिउ-जित्सु को।

इसी बहस को असली मुकाबले में बदलने का आइडिया UFC बना। पहले टूर्नामेंट में जिउ-जित्सु का इस्तेमाल करने वाले रॉयस ग्रेसी की जीत हुई।

ग्रेसी बाकी फाइटर्स जितने ताकतवर या भारी-भरकम नहीं दिखते थे, लेकिन उन्होंने बड़े-बड़े बॉक्सर और कराटे फाइटर्स को जमीन पर गिराकर सबमिशन से हरा दिया।

बाद में खेल बदला और लोग जीतने के लिए बॉक्सिंग, कुश्ती, जूडो, कराटे, ताइक्वांडो, जिउ-जित्सु और किकबॉक्सिंग जैसी कई फाइटिंग तकनीकों का तकनीकों का इस्तेमाल करने लगे।

UFC की 5 खास बातें

  • पहले UFC को बहुत हिंसक खेल माना जाता था, जिसमें कोई भी रूल नहीं होता था। कई बार 60 किलो का फाइटर 120 किलो के खिलाड़ी से भिड़ जाता था। बाद में सुरक्षा नियम बनाए गए।
  • इस खेल में फाइटर एक खास आठ कोनों वाले पिंजरेनुमा रिंग में लड़ते हैं, जिसे ऑक्टागन कहा जाता है। इसमें खिलाड़ी सिर्फ मुक्के ही नहीं मारते, बल्कि किक, पकड़कर गिराना और जमीन पर लड़ाई जैसी तकनीकें भी इस्तेमाल कर सकते हैं।
  • UFC अब सिर्फ खेल नहीं, बहुत बड़ा बिजनेस भी बन चुका है। इसके बड़े मुकाबले पे-पर-व्यू पर दिखाए जाते हैं और करोड़ों डॉलर की कमाई होती है।
  • UFC के बड़े स्टार्स में कॉनर मैकग्रेगर, खबीब नूरमगोमेदोव और जॉन जोन्स जैसे नाम शामिल हैं। खबीब नूरमगोमेदोव का नाम UFC इतिहास के सबसे खतरनाक फाइटर्स में लिया जाता है। उन्होंने अपने करियर में एक भी मैच नहीं हारा।
  • महिलाओं की फाइट भी UFC का बड़ा हिस्सा हैं। रोंडा राउजी पहली महिला सुपरस्टार मानी जाती हैं जिन्होंने महिलाओं के मुकाबलों को मेनस्ट्रीम बनाया।
UFC ने रोंडा राऊसी को पहली महिला खिड़ी के तौर पर 2012 में साइन किया था। वह अब तक की सबसे बड़ी MMA स्टार्स है।

UFC ने रोंडा राऊसी को पहली महिला खिड़ी के तौर पर 2012 में साइन किया था। वह अब तक की सबसे बड़ी MMA स्टार्स है।

WWE से कितना अलग है UFC

UFC असली फाइट होती है। इसमें खिलाड़ी सच में एक-दूसरे से मुकाबला करते हैं और जीत-हार पहले से तय नहीं होती। फाइटर मुक्के, किक, कुश्ती और सबमिशन तकनीकों से जीतने की कोशिश करते हैं। इसमें चोट लगना भी आम बात है।

वहीं WWE मुख्य रूप से मनोरंजन यानी एंटरटेनमेंट है। उसमें मैच का रिजल्ट पहले से तय होता है। फाइटर्स स्क्रिप्ट के हिसाब से काम करते हैं। वहां कहानी, ड्रामा, एंट्री म्यूजिक और किरदारों पर ज्यादा जोर होता है।

UFC में खिलाड़ी असली एथलीट की तरह ट्रेनिंग करते हैं ताकि सच में विरोधी को हराया जा सके। WWE में भी खिलाड़ी बहुत फिट और ताकतवर होते हैं, लेकिन उनका फोकस सुरक्षित तरीके से शो करना होता है।

—————-

ये खबर भी पढ़ें…

ट्रम्प मुस्लिम देशों से बोले- इजराइल से दोस्ती करें:पाकिस्तान की मुश्किलें बढ़ेंगी, वह इजराइल को देश भी नहीं मानता

ट्रम्प ने मुस्लिम देशों से इजराइल के साथ रिश्ते बेहतर करने को कहा है। उन्होंने शनिवार को सऊदी अरब, कतर, पाकिस्तान, तुर्किये, मिस्र और जॉर्डन के नेताओं के साथ वर्चुअल मीटिंग की।

ट्रम्प ने सोमवार को सोशल मीडिया पर इसकी जानकारी देते हुए लिखा कि अमेरिका ने ईरान संकट को सुलझाने के लिए बहुत मेहनत की है। अब जरूरी है कि ये सभी देश अब्राहम अकॉर्ड्स (समझौते) में शामिल हों। यानी इजराइल के साथ रिश्ते बेहतर करें। पूरी खबर पढ़ें…

खबरें और भी हैं…
Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *