Kaithal Girl Dies in Australia After Brain Vein Burst | Haryana News | कैथल की युवती की ऑस्ट्रेलिया में मौत: दिमाग की नस फटी, तीन महीने पहले पढ़ाई करने गई विदेश, परिवार ने लिया था कर्ज – Kaithal News

Actionpunjab
4 Min Read


अस्पताल में दाखिल वैशाली शर्मा का फोटो

कैथल के गांव सिरसल की लड़की वैशाली शर्मा की ऑस्ट्रेलिया के सिडनी में मौत हो गई। उसके दिमाग की से अचानक से नस फट गई। जैसे ही यह हादसा हुआ, आसपास के लोगों ने वहां की पुलिस को सूचना दी और लड़की को अस्पताल पहुंचाया गया, तो वहां उसकी हालत गंभीर थी।

.

इलाज के दौरान लड़की की मौत हो गई। लड़की करीब तीन महीने पहले पढ़ाई करने के लिए ऑस्ट्रेलिया गई थी। वैशाली शर्मा के पिता प्रीतम सिंह ने बताया कि 19 वर्षीय वैशाली 3 महीने पहले कैथल के गांव सिरसल से ऑस्ट्रेलिया के सिडनी में उच्च शिक्षा ग्रहण करने के लिए गई थी।

वह काफी समय से जिद कर रही थी कि उसे विदेश में जाकर पढ़ाई करनी है तो परिवार ने करीब साढे 20 लाख रुपए कर्ज पर लेकर लड़की को पढ़ाई के लिए ऑस्ट्रेलिया भेज दिया।

वैशाली के घर पर बैठे परिजन व ग्रामीण

वैशाली के घर पर बैठे परिजन व ग्रामीण

बीकॉम सेकेंड ईयर में पढ़ाई कर रही थी

परिवार के लोगों ने बताया कि वैशाली इस समय बीकॉम सेकेंड ईयर में पढ़ाई कर रही थी। बीकॉम फर्स्ट ईयर के पढ़ाई वह कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी से कर चुकी है और उसने सेकेंड ईयर में सिडनी के कॉलेज में दाखिला लिया हुआ था। वहीं रहकर पढ़ाई कर रही थी। जैसे ही परिवार के सदस्यों के पास लड़की की मौत की सूचना पहुंची तो उन्हें गहरा आघात लगा।

कर्ज लेकर विदेश भेजा

पिता प्रीतम सिंह ने बताया कि वैशाली के परिवार में उसकी दो छोटी बहनें हैं, जिनमें से एक की उम्र 11 साल है जो छठी कक्षा में पढ़ाई कर रही है, जबकि दूसरी बेटी की उम्र 9 साल है जो इस समय चौथी कक्षा में पढ़ रही है। परिवार ने कर्ज उठाकर लड़की को उच्च शिक्षा ग्रहण करने के लिए विदेश भेजा था। उनकी माता मीना देवी गृहिणी हैं।

पिता प्रीतम सिंह ने बताया कि उन्हें उम्मीद थी कि लड़की वहां पढ़ लिख कर अच्छी नौकरी लग जाएगी, जिससे उन्होंने जो खर्चा लगाकर उसे विदेश भेजा है वह भी चुका देंगे और साथ में परिवार की हालत भी सुधर जाएगी।

गांव सिरसल में वैशाली का घर

गांव सिरसल में वैशाली का घर

परिवार करता है खेती

पिता ने बताया कि उनके पास तीन एकड़ जमीन है। इस पर खेती करके परिवार का गुजर बसर होता है। अब बेटी से उम्मीद थी कि वह परिवार की दरिद्रता दूर करेगी, लेकिन अब परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।

पिता ने बताया कि अब लड़की के शव को वापस लाने के लिए 65 हजार डॉलर (करीब 58.77 लाख रुपए) खर्च करने पड़ेंगे। परिवार ने सरकार व प्रशासन से गुहार लगाई है कि संकट की घड़ी में उनकी सहायता की जाए।

अंतिम बार बातचीत में ठीक बताया

पिता ने बताया कि अंतिम बार जब उनकी लड़की से बातचीत हुई तो वह ठीक-ठाक थी और कह रही थी कि उसकी पढ़ाई लिखाई ठीक चल रही है। परिवार को चिंता की जरूरत नहीं है। अगले ही दिन उनके पास उसकी मौत की सूचना पहुंच गई।

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *