Haryana BJP Feud: Rao Narbir Singh Attacks Rao Inderjit Singh Over Election Help Claim | मंत्री नरबीर का दावा-मेरी मदद से चुनाव जीते राव इंद्रजीत: कहा-वे मदद नहीं करते, मुझे उनकी जरूरत भी नहीं, सांसद बोले-अभी समय नहीं, जल्द खुलासा करूंगा – gurugram News

Actionpunjab
4 Min Read


दक्षिण हरियाणा की राजनीति में एक बार फिर बीजेपी के दो दिग्गज नेताओं के बीच जुबानी जंग छिड़ गई है। राज्य के कैबिनेट मंत्री राव नरबीर सिंह ने केंद्रीय मंत्री और गुरुग्राम से सांसद राव इंदरजीत सिंह पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि अगर उन्होंने सहयोग नहीं क

.

गुरुग्राम में एक टीवी शो के दौरान दिए इस बयान पर केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत असहज हो गए है। सांसद खेल महोत्सव के समापन समारोह के दाैरान पत्रकारों के सवाल पर उन्होंने कहा कि अभी समय नहीं है, जल्द ही मैं विस्तार से खुलासा करूंगा, यह बाद छोटी बाइट में ठीक नहीं है।

गुरुग्राम में राव इंद्रजीत ने कहा कि अभी समय नहीं है, जल्दी ही मैं खुलासा करूंगा।

गुरुग्राम में राव इंद्रजीत ने कहा कि अभी समय नहीं है, जल्दी ही मैं खुलासा करूंगा।

राव नरबीर के बयान की तीन अहम बातें…………..

मैं खिलाफ करता तो नहीं जीत पाते: राव नरबीर ने कहा कि मैं खिलाफत करता तो वे चुनाव नहीं जीत पाते, क्योंकि बादशाहपुर से वे सवा लाख से ज्यादा वोट से जीते हैं।

मेरी मदद नहीं करते: उन्होंने कहा कि उन्होंने मेरी कभी मदद नहीं की, लेकिन मुझे उनकी मदद की जरूरत भी नहीं है। मैं अपने दम पर और जनता के वोट पर चुनाव जीतता हूं।

चुनाव में एक बार कॉल करते हैं: राव इंद्रजीत से उनकी कोई बातचीत नहीं होती और वे पांच साल में सिर्फ चुनाव के वक्त नामांकन के समय एक बार फोन करते हैं। नरबीर ने जोर देकर कहा कि इंद्रजीत को उनकी जरूरत है, लेकिन उन्हें इंद्रजीत की नहीं।

2019 में टिकट कटवाने का आरोप

यह विवाद अहीरवाल बेल्ट की राजनीति में लंबे समय से चली आ रही प्रतिद्वंद्विता की याद दिलाता है। दोनों नेता यादव समुदाय से आते हैं और गुरुग्राम-रेवाड़ी इलाके में प्रभावशाली हैं। साल 2019 में भाजपा ने अपने सिटिंग एमएलए व मंत्री राव नरबीर सिंह का बादशाहपुर से टिकट काट दिया था। तब राव इंद्रजीत खेमे पर टिकट कटवाने का आरोप लगा। भाजपा ने मनीष यादव को टिकट दिया, हालांकि वो निर्दलीय राकेश दौलताबाद से हार गए थे। नरबीर ने इंद्रजीत को अपना राजनीतिक धुर विरोधी करार दिया था।

राव इंद्रजीत की प्रतिक्रिया

वहीं, राव इंद्रजीत सिंह ने पत्रकारों के सवाल पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि वे अभी इस बारे में कुछ नहीं कहेंगे, लेकिन जल्द ही नरबीर के बारे में पूरा खुलासा करेंगे। उनके बयान से राजनीतिक गलियारों में अटकलों का दौर गर्म हो गया है। इंद्रजीत सिंह केंद्र में रक्षा राज्य मंत्री हैं, उन्होंने पहले भी पार्टी के साथ मजबूती से खड़े होने का दावा किया था।

दोनों का बड़ी सियासी बैकग्राउंड

राव इंद्रजीत के पिता राव बीरेंद्र सिंह हरियाणा के दूसरे मुख्यमंत्री बने थे। किसी वक्त उनकी गिनती इंदिरा गांधी के करीबियों में होती थी। उन्होंने अपनी हरियाणा विशाल पार्टी का कांग्रेस में विलय किया था। राव इंद्रजीत उन्हीं की सियासी लीगेसी को बढ़ा रहे हैं। राव इंद्रजीत 6 बार के सांसद हैं।

दूसरी तरफ राव नरबीर का भी सियासी बैकग्राउंड मजबूत है। उनके दादा राव मोहर सिंह और पिता महाबीर सिंह भी सियासत में थे। राव नरबीर खुद 4 बार विधायक बने हैं और चारों बार मंत्री बने। वह जाटूसाना, सोहना और बादशाहपुर से विधायक बने हैं।

Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *