Mercury retrograde impact 12 zodiac signs, budh ka rashi parivartan, budh ka rashifal, kumbh rashi me budh

Actionpunjab
5 Min Read


12 घंटे पहले

  • कॉपी लिंक

मिथुन और कन्या राशि का स्वामी बुध 26 फरवरी को कुंभ राशि में वक्री हो गया है। अब बुध 21 मार्च तक वक्री रहेगा, इसके बाद मार्गी होगा और फिर 10 अप्रैल को मीन राशि में प्रवेश करेगा। जानिए सभी राशियों के लिए वक्री बुध का कैसा असर रह सकता है.. उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. मनीष शर्मा के मुताबिक, बुध बुद्धि, तर्क, संचार और व्यापार का कारक ग्रह है। शनि की कुंभ राशि में बुध के आने से लोगों के विचारों में नवीनता आती है और ज्ञान से जुड़े कामों में लाभ होता है।

  • मेष – बुध इस राशि के ग्याहरवें भाव में है। 26 फरवरी से 21 मार्च के बीच वक्री बुध की वजह से पुराने दोस्तों से अनबन हो सकती है या अटका पैसा मिलने में देरी हो सकती है। धैर्य से काम लें, अप्रैल के पहले हफ्ते तक स्थिति अनुकूल हो जाएगी।
  • वृषभ – दशम भाव में बुध की वक्री अवस्था में कार्यक्षेत्र में कुछ गलतियां हो सकती हैं, इसलिए ईमेल या मैसेज भेजने से पहले ठीक से जांच लें। 21 मार्च के बाद पदोन्नति हो सकती है, तब तक सावधानी से काम करें।
  • मिथुन – नवम स्थान में वक्री बुध की वजह से पूर्व निर्धारित यात्रा की योजना अचानक बदल सकती है। पिता के साथ वैचारिक मतभेद दूर करें। 10 अप्रैल तक आपका झुकाव आध्यात्मिकता की ओर अधिक रहेगा।
  • कर्क – आठवें भाव में बुध वक्री है, इस समय में त्वचा या एलर्जी की समस्या हो सकती है। वाहन सावधानी से चलाएं। 21 मार्च के बाद पैतृक संपत्ति के उलझे हुए मामले सुलझ सकते हैं।
  • सिंह – सप्तम भाव में वक्री बुध की वजह से जीवनसाथी के साथ गलतफहमियां बढ़ सकती हैं। 21 मार्च के बाद का समय रिश्तों के लिए बहुत अच्छा रहेगा। तब तक धैर्य से काम लें और समझदारी से विवादों को सुलझाएंगे, तो बेहतर रहेगा।
  • कन्या – छठे भाव में वक्री बुध की वजह से सेहत बिगड़ सकती है। पुराने विवादों को न बढ़ाएं। 10 अप्रैल तक कोर्ट-कचहरी के मामलों में राहत मिल सकती है।
  • तुला – पंचम भाव में बुध वक्री बुध के कारण प्रेम संबंध में तनाव आ सकता है। शेयर बाजार में निवेश करने वाले 26 फरवरी से 21 मार्च के बीच सतर्क रहें। इसके बाद का समय निवेश के लिए थोड़ा ठीक है।
  • वृश्चिक – चौथे भाव में वक्री बुध के कारण घर में क्लेश की स्थिति बन सकती है। शांत रहकर घर का माहौल संतुलित बनाए रखें। पारिवारिक मामलों में समझदारी से काम लेना होगा।
  • धनु – तीसरे भाव का वक्री बुध परेशानियां बढ़ा सकता है। बुध के कारण इंटरनेट या इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स से जुड़े खर्च बढ़ सकते हैं। 21 मार्च के बाद आपके प्रयास रंग लाएंगे और सफलता मिलेगी।
  • मकर – दूसरे भाव में वक्री बुध की वजह से वाणी में कठोरता बढ़ सकती है। वाणी के मामले में संयमित रहें। सोच-समझकर बोलें, वर्ना रिश्तों में दूरी आ सकती है। निवेश के लिए 21 मार्च के बाद का समय ठीक रहेगा। 10 अप्रैल तक परिवार में कोई मांगलिक कार्य हो सकता है।
  • कुंभ – बुध इसी राशि में वक्री है। वक्री बुध के कारण आत्म-चिंतन करने पर ज्यादा ध्यान देंगे, यह बात आपके व्यक्तित्व के लिए अच्छी है। महत्वपूर्ण व्यावसायिक निर्णय 21 मार्च के बाद लेंगे, तो शुभ रहेगा।
  • मीन – बारहवें भाव में बुध वक्री है। वक्री बुध के कारण फिजूलखर्ची बढ़ेगी। 10 अप्रैल को जब बुध इस राशि में आएगा, तब आपके रुके हुए काम गति पकड़ेंगे और शांति मिलेगी।

खबरें और भी हैं…
Share This Article
Leave a comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *