अजय कुमार | प्रयागराजकुछ ही क्षण पहले
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प्रयागराज के घूरपुर थाना क्षेत्र के बगबना गांव में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। 60 वर्षीय अशोक शर्मा की मौत उनकी पत्नी के शव के पास ही हो गई। वह अपनी बीमार पत्नी के शव पर विलाप कर रहे थे।
अशोक शर्मा और उनकी 58 वर्षीय पत्नी लक्ष्मी देवी अपने चार बेटों के साथ दिल्ली में रहते थे। पिछले कुछ महीनों से लक्ष्मी देवी गंभीर बीमारी से पीड़ित थीं। उनका इलाज लखनऊ के एक अस्पताल में चल रहा था।
बुधवार को इलाज के दौरान लक्ष्मी देवी की मौत हो गई। दोपहर में उनका पार्थिव शरीर बगबना स्थित पैतृक गांव लाया गया। परिजन अंतिम संस्कार की तैयारी कर रहे थे।
इसी दौरान अशोक शर्मा पत्नी की याद में जोर-जोर से रोने लगे। वे पत्नी को पुकारते हुए फूट-फूटकर रो रहे थे। अचानक वे गश खाकर जमीन पर गिर पड़े।
आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत उन्हें उठाया और अस्पताल ले जाने का प्रयास किया। लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। पति-पत्नी की एक ही दिन में मौत से गांव में शोक छा गया।
परिजनों और रिश्तेदारों की भीड़ जुट गई। पूरे गांव ने नम आंखों से दोनों का अंतिम संस्कार एक ही चिता पर किया।
अशोक और लक्ष्मी के चार बेटे हैं। सतीश (विवाहित), आशीष और दो छोटे बेटे, जो फिलहाल दिल्ली में पढ़ाई और नौकरी करते हैं। पति-पत्नी की मौत ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।
गांव के लोग इस घटना को “जीवन भर के रिश्ते का अंतिम संयोग” और “अटूट प्रेम का प्रतीक” बता रहे हैं।