एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (एजीटीएफ) ने लॉरेंस बिश्नोई गैंग के 25 हजार के इनामी बदमाश को गुड़गांव की पॉश सोसायटी एमआर पाम हिल से गिरफ्तार किया है। टीम ने आरोपी काे गिरफ्तार करने के लिए 150 सीसीटीवी कैमरे खंगाले और पॉश कॉलोनी के गेट पर गार्ड बनकर निगरा
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आरोपी प्रदीप गुर्जर उर्फ प्रदीप रावत निवासी कोटपूतली काे गिरफ्तार किया गया है।
फायरिंग से दहशत, फिर धमकी की पर्ची गैंग हाईवे पर बने होटलों पर अंधाधुंध फायरिंग कर दहशत फैलाता था। बाद में व्यापारी को धमकी भरी पर्ची भेजकर रंगदारी और फिरौती मांगी जाती थी। आरोपी प्रदीप, लॉरेंस बिश्नोई के खास सहयोगी सचिन थापन के लिए काम कर रहा था और कोटपूतली, बहरोड़, बानसूर, भीलवाड़ा और गुड़गांव के युवकों को गैंग में शामिल कर रहा था। गैंग की शुरुआत भीलवाड़ा से हुई थी। बाद में हरी तंवर से शुरू होकर विनोद मांडली और फिर प्रदीप रावत तक पहुंच गई।
पॉश कॉलोनी का गार्ड बनकर जुटाई जानकारी
आरोपी काे पकड़ने के लिए एडिशनल एसपी सिद्धांत शर्मा और इंस्पेक्टर राम सिंह की अगुआई में विशेष टीम तैयार की गई। टीम ने करीब 150 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज काे खंगाला। गुड़गांव स्थित सोसायटी के गेटों पर टीम के सदस्यों को गार्ड बनाकर तैनात किया। हेड कॉन्स्टेबल सुधीर कुमार ने गार्ड बनकर सोसायटी में इंट्री ली। एसआई बनवारी लाल, हेड कॉन्स्टेबल सुधीर कुमार काे उसके एक फ्लैट में छुपे हाेने की जानकारी मिली। इस पर छापा मारकर आरोपी को दबोच लिया। टीम आरोपी को गुड़गांव से कोटपूतली लाई और स्थानीय थाना पुलिस को सौंप दिया गया है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ से कई मामलों में बड़े खुलासे की संभावना है। लॉरेंस नेटवर्क की लगातार गिरफ्तारी और ऑपरेशनों को पुलिस राज्य में संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी सफलता मान रही है।