रुद्रप्रयाग/चमोली/उत्तरकाशी14 मिनट पहले
- कॉपी लिंक

चारधाम यात्रा का आज 13वां दिन है, अभी तक 4.98 लाख से ज्यादा श्रद्धालु चारों धामों के दर्शन कर चुके हैं। वहीं, 25 लाख लोग इस यात्रा के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करवा चुके हैं। इस बार व्यवस्थाओं के साथ-साथ यात्रियों के ट्रेंड में भी बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है।
देहरादून में बनी हाईटेक मॉनिटरिंग व्यवस्था दूसरे राज्यों के लिए मॉडल बनती दिख रही है, वहीं जॉलीग्रांट से बद्रीनाथ और केदारनाथ के लिए हेली सेवा शुरू होने से यात्रा और आसान हो गई है।
ऑल वेदर रोड के चलते यात्रा का समय घटकर 2-4 दिन रह गया है, जबकि श्रद्धालु अब धामों के बजाय रास्ते में पड़ने वाले पर्यटन स्थलों पर रुकना ज्यादा पसंद कर रहे हैं। इसी बीच सुरक्षा सख्ती और मानसून से पहले सड़कों को दुरुस्त करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं।
दैनिक भास्कर चारधाम यात्रा गाइड:केदारनाथ-बद्रीनाथ जाने का प्लान कर रहे हैं तो ये गाइड आपके सबसे काम की है, इसे बिना पढ़े न जाएं
पढ़िए चारधाम यात्रा से जुड़े सभी अपडेट…
- केदारनाथ में VIP विवाद पर BKTC अध्यक्ष की सफाई

केदारनाथ धाम में VIP दर्शन को लेकर वायरल वीडियो और विवाद के बीच बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने साफ किया कि श्रद्धालुओं को सरल और सुगम दर्शन कराना ही प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि तीर्थपुरोहितों को रोकने का कोई आदेश जारी नहीं किया गया था और इस तरह की बातें भ्रामक हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए रुद्रप्रयाग पुलिस के दो अधिकारियों को तत्काल मंदिर ड्यूटी से हटा दिया गया है। अब मंदिर के अंदर की व्यवस्था बीकेटीसी संभालेगी, जबकि पुलिस बाहरी सुरक्षा की जिम्मेदारी निभाएगी।
श्री केदार सभा ने घटना को षड्यंत्र बताते हुए कहा कि कुछ तत्व धाम की छवि खराब करने की कोशिश कर रहे हैं। साथ ही स्पष्ट किया गया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और उद्योगपति गौतम अडानी ने भी तय प्रोटोकॉल के तहत ही दर्शन किए, VIP जैसी कोई व्यवस्था नहीं है।
- चारधाम यात्रा में सफाई के साथ मिलेगा ‘पुण्य’

देवभूमि उत्तराखंड में चारधाम यात्रा केवल आस्था का केंद्र नहीं, बल्कि अब पर्यावरण संरक्षण की एक बड़ी मुहिम का गवाह भी बनेगी। अभिनेत्री, निर्माता और समाजसेवी डॉ. आरुषि ‘निशंक’ ने शुक्रवार को देहरादून स्थित एमजे रेजीडेंसी में “प्लास्टिक से पुण्य” अभियान का शुभारंभ किया। यह अभियान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘स्वच्छ भारत मिशन’ से प्रेरित है, जिसका उद्देश्य स्वच्छता को आध्यात्मिक चेतना और पुण्य से जोड़ते हुए चारधाम यात्रा को पूरी तरह से प्लास्टिक मुक्त बनाना है।
- केदारनाथ यात्रा की व्यवस्थाओं में 534 से अधिक कर्मी तैनात

केदारनाथ धाम यात्रा सुचारु रूप से चल रही है, जहाँ बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुँच रहे हैं। उच्च हिमालयी विषम परिस्थितियों के बावजूद, जिला प्रशासन, पुलिस और आपदा प्रबंधन की टीमें यात्रा व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए दिन-रात मुस्तैद हैं।
यात्रा के सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित संचालन के लिए प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा एवं राहत बल तैनात किए हैं। ये बल सोनप्रयाग, गौरीकुंड, जंगलचट्टी, भीमबली, छोटी लिनचोली, लिनचोली, रुद्रा प्वाइंट, बेस कैंप, केदारनाथ हेलीपैड और केदारनाथ धाम जैसे प्रमुख पड़ावों पर मौजूद हैं। श्रद्धालुओं को सुरक्षित और बेहतर यात्रा अनुभव देने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने विभिन्न विभागों के 534 से अधिक कार्मिकों को 24 घंटे सेवा में लगाया है।
- भीड़ में खोया मोबाइल पुलिस की एक कॉल से मिला

चारधाम यात्रा के दौरान बद्रीनाथ धाम की भारी भीड़ में एक भावुक कर देने वाली घटना सामने आई। पश्चिम बंगाल से आए एक यात्री की बेटी का मोबाइल अचानक कहीं गिर गया। घंटों तक पिता-पुत्री ने भीड़ में तलाश की, बार-बार कॉल भी किया- रिंग तो जा रही थी, लेकिन फोन का कोई पता नहीं चल पाया। मोबाइल में पूरी यात्रा की यादें कैद होने से दोनों बेहद परेशान और मायूस थे।
आखिरकार वे थाना श्री बद्रीनाथ पहुंचे, जहां आरक्षी चन्दन सिंह नगरकोटी ने तुरंत मदद शुरू की। पुलिसकर्मी ने जैसे ही उस नंबर पर कॉल किया, फोन रिसीव हो गया। सामने वाले व्यक्ति ने बताया कि उसे मोबाइल रास्ते में मिला है और वह दिगम्बर जैन धर्मशाला में ठहरा हुआ है।
- दून से बदरी-केदार के लिए हेली सेवा शुरू

जौलीग्रांट हेलीपैड से केदारनाथ और बदरीनाथ धाम के लिए गुरुवार से हवाई सेवा शुरू हो गई। पूजा-अर्चना के बाद रुद्राक्ष एविएशन के एमआई-17 हेलीकॉप्टर ने सुबह करीब 7 बजे 16 श्रद्धालुओं को लेकर पहली उड़ान भरी।
इस सेवा के शुरू होने से श्रद्धालुओं को कम समय में दोनों धामों तक पहुंचने की सुविधा मिल रही है और यात्रा पहले के मुकाबले ज्यादा सुगम हो गई है।
- पत्नी के साथ केदारनाथ पहुंचे गौतम अडाणी

उद्योगपति गौतम अडाणी ने आज सुबह रुद्रप्रयाग स्थित केदारनाथ धाम में दर्शन किए। उन्होंने शादी की 40वीं सालगिरह पर पत्नी प्रीति अडाणी के साथ भगवान शिव का जलाभिषेक कर आशीर्वाद लिया। अडाणी सुबह दिल्ली से देहरादून पहुंचे और वहां से निजी हेलिकॉप्टर के जरिए धाम पहुंचे। दर्शन के बाद उन्होंने प्रस्तावित सोनप्रयाग-केदारनाथ रोपवे परियोजना का एरियल सर्वे भी किया। दर्शन के बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर फोटो शेयर करते हुए लिखा कि यह दिन उनके लिए खास है- विश्व श्रमिक दिवस और उनकी शादी की सालगिरह। उन्होंने पत्नी प्रीति को अपनी “शक्ति” बताते हुए देश की प्रगति और समृद्धि के लिए प्रार्थना की। साथ ही ‘अपनी बात, अपनों के साथ’ नाम से नई पहल शुरू करने का भी ऐलान किया।
- केदारनाथ में VIP कल्चर पर बवाल, पुजारी-श्रद्धालुओं ने की नारेबाजी

केदारनाथ धाम में दर्शन के दौरान VIP कल्चर को लेकर विवाद खड़ा हो गया। मौके पर मौजूद पुजारी और श्रद्धालु विशेष व्यवस्था से नाराज हो गए और नारेबाजी करने लगे। इस दौरान माहौल कुछ देर के लिए गरमाया रहा, जिसके बाद व्यवस्था को संभालने के प्रयास किए गए।
- केदारनाथ यात्रा में सुरक्षा के कड़े इंतजाम

श्री केदारनाथ धाम यात्रा 2026 को लेकर रुद्रप्रयाग पुलिस ने व्यापक सुरक्षा और राहत इंतजाम किए हैं। भारी संख्या में पहुंच रहे श्रद्धालुओं और उच्च हिमालयी कठिन परिस्थितियों को देखते हुए पुलिस, जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें हाई अलर्ट पर हैं। सभी एजेंसियां मिलकर 24 घंटे यात्रा व्यवस्थाओं को सुचारु और सुरक्षित बनाए रखने में जुटी हुई हैं।
- ऑल वेदर रोड से 2-4 दिन में सिमटी यात्रा
बेहतर सड़क कनेक्टिविटी और ऑल वेदर रोड बनने से चारधाम यात्रा का पैटर्न तेजी से बदल रहा है। पहले 7-8 दिन में पूरी होने वाली यात्रा अब 2 से 4 दिन में पूरी हो रही है।
निजी वाहन से आने वाले यात्री ऋषिकेश से बदरीनाथ और गंगोत्री तक करीब 8 घंटे में पहुंचकर उसी दिन लौट भी रहे हैं। इससे समय की बचत हो रही है और श्रद्धालु कम दिनों में ज्यादा धामों के दर्शन कर पा रहे हैं।

मोबाइल मिलते ही पिता-पुत्री भावुक हो गए और उत्तराखंड पुलिस को ‘मित्र पुलिस’ बताते हुए धन्यवाद दिया।
- धामों के बजाय रास्ते के टूरिस्ट स्पॉट बने पसंद
यात्रा मार्ग पर होटल और होमस्टे बढ़ने से ठहरने का ट्रेंड भी बदल गया है। श्रद्धालु अब धामों में रुकने के बजाय रास्ते के पर्यटन स्थलों को प्राथमिकता दे रहे हैं।
यमुनोत्री रूट पर लाखामंडल और खरसाली, गंगोत्री रूट पर हर्षिल और गर्तांग गली, केदारनाथ रूट पर चोपता और त्रियुगीनारायण तथा बदरीनाथ रूट पर माणा, औली और फूलों की घाटी में रौनक बढ़ी है, जबकि धामों में ठहराव घट रहा है।
- बदरीनाथ में सिर्फ 60% बुकिंग, रुकने की अपील
दर्शन के बाद तुरंत लौटने के ट्रेंड का असर बदरीनाथ धाम में दिख रहा है। 30 से 40 हजार क्षमता वाले धाम में होटल और धर्मशालाओं की केवल 60% बुकिंग दर्ज की गई है।
ज्योतिष्पीठ बदरिकाश्रम के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और पूर्व धर्माधिकारी भुवन उनियाल ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे कम से कम एक रात रुककर साधना और पुण्य लाभ प्राप्त करें।
- केदारनाथ में 110 श्रद्धालुओं को परिजनों से मिलाया

पुलिस ने महिला को उसके परिजनों से मिलवाया।
केदारनाथ धाम में रुद्रप्रयाग पुलिस लगातार सेवा और सुरक्षा की मिसाल पेश कर रही है। अब तक 311 कॉल्स पर कार्रवाई करते हुए 110 श्रद्धालुओं को उनके परिजनों से मिलाया गया है।
इसके अलावा 35 मोबाइल, 50 पर्स-बैग और 20 अन्य जरूरी सामान भी बरामद कर लौटाए गए हैं। पुलिस टीम बुजुर्ग और असहाय श्रद्धालुओं की भी विशेष सहायता कर रही है।
- यात्रा मार्ग पर सख्ती, 2145 वाहनों के चालान
चारधाम यात्रा को सुरक्षित बनाने के लिए परिवहन विभाग लगातार चेकिंग अभियान चला रहा है। अब तक 7,768 वाहनों की जांच में 2,145 चालान काटे गए हैं और 61 वाहन सीज किए गए हैं।
ब्रह्मपुरी, भद्रकाली और कुठालगेट चेकपोस्ट पर विशेष निगरानी रखी जा रही है, ताकि यात्रा के दौरान यातायात व्यवस्था सुचारु बनी रहे।
- मानसून से पहले सड़कें दुरुस्त करने के निर्देश

मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने अधिकारियों के साथ बैठक कर निर्देश दिए हैं कि मानसून से पहले सभी यात्रा मार्गों को दुरुस्त किया जाए।
लोक निर्माण विभाग, बीआरओ और एनएचएआई को भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों का ट्रीटमेंट और लंबित कार्य प्राथमिकता से पूरा करने को कहा गया है, ताकि यात्रा सुरक्षित बनी रहे।
अब चारों धामों के बारे में जानिए…




