7 घंटे पहले
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90 के दशक में बॉलीवुड को कई सुपरहिट कॉमेडी फिल्में देने वाली गोविंदा और डेविड धवन की जोड़ी की कड़वाहट एक बार फिर सामने आई है। गोविंदा ने हाल ही में इंडिया टुडे को दिए एक इंटरव्यू में बताया कि डेविड धवन उनके प्रति वफादार नहीं थे।
गोविंदा के मुताबिक, जब उन्हें लगा कि मामला अब उनके करियर के लिए खतरनाक हो रहा है, तो उन्होंने इस जोड़ी से दूरी बनाना ही बेहतर समझा। गोविंदा ने कहा, मुझे ऐसा लगता है कि डेविड अपने बेटे वरुण के साथ वैसी फिल्में नहीं कर पाएंगे जैसी उन्होंने मेरे साथ की थीं।

गोविंद और डेविड की जोड़ी ने साल 2007 में फिल्म ‘पार्टनर’ में आखिरी बार काम किया था।
गोविंदा बोले- डेविड के मन में कुछ और था
इंटरव्यू में गोविंदा ने डेविड धवन अपने काम के प्रति तो ईमानदार थे, लेकिन एक दोस्त और एक्टर के तौर पर वफादार नहीं रहे। उन्होंने आगे कहा कि फिल्म इंडस्ट्री में वफादारी का बहुत महत्व है। अगर आपकी वफादारी किसी और के प्रति है, तो ईमानदारी पर सवाल उठेंगे ही।
मुझे कभी नहीं लगा कि वह कोई अजनबी हैं, लेकिन मुझे महसूस हुआ कि कुछ लोग उन्हें मेरे खिलाफ भड़का रहे थे।गोविंदा ने बताया कि एक वक्त ऐसा आया जब उन्हें लगा कि अब चीजें हाथ से बाहर निकल रही हैं। उन्होंने कहा, मुझे लगा कि ये मामला अब खतरनाक हो गया है, इसलिए इससे बाहर निकलना ही ठीक है।
बता दें कि साल 2007 में फिल्म ‘पार्टनर’ के लिए यह जोड़ी दोबारा साथ आई थी। गोविंदा ने ही डेविड को सलाह दी थी कि इस फिल्म में सलमान खान को साथ लिया जाए। फिल्म ब्लॉकबस्टर रही, लेकिन इसके बाद दोनों ने फिर कभी साथ काम नहीं किया।

90 के दशक में गोविंदा और डेविड धवन की जोड़ी ने करीब 15 सुपरहिट फिल्में दीं।
चश्मे बद्दूर’ फिल्म ने बढ़ाई थी कड़वाहट
गोविंदा और डेविड के बीच दरार तब और गहरी हुई जब 2013 में ‘चश्मे बद्दूर’ की रीमेक बनी। गोविंदा का दावा है कि इस फिल्म का आइडिया उन्होंने ही डेविड को दिया था, लेकिन डेविड ने उन्हें बिना बताए फिल्म किसी और के साथ बना ली। गोविंदा ने कहा कि जब उन्होंने अपनी 18वीं फिल्म साथ करने के लिए डेविड को फोन किया, तो डायरेक्टर ने उन्हें कोई जवाब नहीं दिया।
वरुण धवन के साथ वैसा जादू मुश्किल
इंटरव्यू के दौरान जब गोविंदा से वरुण धवन के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि डेविड अब वही सफलता अपने बेटे के साथ दोहराना चाहते हैं। गोविंदा बोले, मुझे ऐसा लगता है कि वह अपने बेटे के साथ वैसी फिल्में नहीं कर पाएंगे जैसी उन्होंने मेरे साथ की थीं। वैसा जादू दोबारा क्रिएट करना बहुत मुश्किल काम है।
सुपरहिट रही गोविंदा-डेविड धवन की जोड़ी
90 के दशक में गोविंदा और डेविड धवन की जोड़ी ने मिलकर ‘कुली नंबर 1’, ‘हीरो नंबर 1’, ‘साजन चले ससुराल’ और ‘राजा बाबू’ जैसी करीब 15 सुपरहिट फिल्में दीं। उस दौर में डेविड के निर्देशन और गोविंदा की कॉमेडी का बॉक्स ऑफिस पर एकतरफा राज था, लेकिन बाद में आपसी मनमुटाव के कारण यह जोड़ी टूट गई।
